जयपुर। नए सीएम की रायशुमारी के लिए कांग्रेस विधायक दल की बैठक में विधायकों का सीएम हाउस पहुंचना शुरू हो गया है। वहीं गहलोत समर्थक विधायक अभी भी मंत्री शांति धारीवाल के घर पर डेरा जमाए हुए हैं। सूत्रों के मुताबिक मुख्य सचेतक महेश जोशी और उप मुख्य सचेतक महेंद्र चौधरी फोन कर करके विधायकों को धारीवाल के घर बुला रहे हैं, जबकि सचिन पायलट और उनके खेमे के विधायक विधायक दल की बैठक के लिए पहुंच गए।
वहीं, मुख्यमंत्री अशोक गहलोत प्रदेश प्रभारी अजय माकन और ऑब्जर्वर मल्लिकार्जुन खड़गे से मिलने पहुंचे। छोटी सी मीटिंग के बाद तीनों सीएम हाउस पहुंच चुके हैं।
कांग्रेस में सीएम बदलने के मुद्दे पर अशोक गहलोत समर्थक विधायकों ने सामूहिक इस्तीफों की धमकी दी है। गहलोत के समर्थक मंत्री शांती धारीवाल के घर बैठक में गहलोत गुट के विधायकों ने स्पीकर सीपी जोशी से मिलकर इस्तीफे सौंपने की रणनीति बनाई है। गहलोत गुट के कई विधायकों ने विधायक दल की बैठक का बहिष्कार करने की सलाह दी है। इस बैठक में 50 से ज्यादा विधायक मौजूद रहे।
विधायक दल की बैठक से पहले मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि ऐसी बैठकों में एक लाइन का रिजोल्यूशन पास करते हैं कि जो हाईकमान तय करेगा, वही हमें मंजूर होगा। इधर, मंत्री राजेंद्र गुढ़ा शांति धारीवाल के बंगले के गेट से वापस लौट गए। उन्होंने कहा कि यहां 101 विधायक नहीं हैं।
LIVEगहलोत खेमे के विधायकों ने दी इस्तीफे की धमकी:मंत्री धारीवाल के घर बैठक में बनी रणनीति; CM हाउस पर विधायकों का पहुंचना शुरू
जयपुर14 मिनट पहले
विधायक दिव्या मदेरणा, मंत्री राजेंद्र गुढ़ा समेत कई विधायक सीएम हाउस पहुंच चुके हैं।
नए सीएम की रायशुमारी के लिए कांग्रेस विधायक दल की बैठक में विधायकों का सीएम हाउस पहुंचना शुरू हो गया है। वहीं गहलोत समर्थक विधायक अभी भी मंत्री शांति धारीवाल के घर पर डेरा जमाए हुए हैं। सूत्रों के मुताबिक मुख्य सचेतक महेश जोशी और उप मुख्य सचेतक महेंद्र चौधरी फोन कर करके विधायकों को धारीवाल के घर बुला रहे हैं, जबकि सचिन पायलट और उनके खेमे के विधायक विधायक दल की बैठक के लिए पहुंच गए।
वहीं, मुख्यमंत्री अशोक गहलोत प्रदेश प्रभारी अजय माकन और ऑब्जर्वर मल्लिकार्जुन खड़गे से मिलने पहुंचे। छोटी सी मीटिंग के बाद तीनों सीएम हाउस पहुंच चुके हैं।
कांग्रेस में सीएम बदलने के मुद्दे पर अशोक गहलोत समर्थक विधायकों ने सामूहिक इस्तीफों की धमकी दी है। गहलोत के समर्थक मंत्री शांती धारीवाल के घर बैठक में गहलोत गुट के विधायकों ने स्पीकर सीपी जोशी से मिलकर इस्तीफे सौंपने की रणनीति बनाई है। गहलोत गुट के कई विधायकों ने विधायक दल की बैठक का बहिष्कार करने की सलाह दी है। इस बैठक में 50 से ज्यादा विधायक मौजूद रहे।
विधायक दल की बैठक से पहले मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि ऐसी बैठकों में एक लाइन का रिजोल्यूशन पास करते हैं कि जो हाईकमान तय करेगा, वही हमें मंजूर होगा। इधर, मंत्री राजेंद्र गुढ़ा शांति धारीवाल के बंगले के गेट से वापस लौट गए। उन्होंने कहा कि यहां 101 विधायक नहीं हैं।
आज दोपहर से 4 अस्पताल मार्ग स्थित यूडीएच मंत्री शांति धारीवाल के घर पर गहमागहमी का माहौल है। गहलोत समर्थक विधायक यहीं जुटे हैं।
आज दोपहर से 4 अस्पताल मार्ग स्थित यूडीएच मंत्री शांति धारीवाल के घर पर गहमागहमी का माहौल है। गहलोत समर्थक विधायक यहीं जुटे हैं।
अपडेट्स
- मंत्री राजेंद्र गुढ़ा सहित G-6 से जुड़े विधायकों ने शांति धारीवाल के घर हुई गहलोत समर्थक विधायकों की बैठक से दूरी बना ली। गुढ़ा धारीवाल के बंगले के गेट से वापस लौट गए। गुढ़ा ने कहा कि बहुमत के लिए 101 विधायक चाहिए, इसके बिना सरकार अल्पमत में होती ही। यहां बैठक में 101 विधायक नहीं हैं, इसलिए मैं नहीं गया। विधायक वाजिब अली, खिलाड़ी लाल बैरवा और गिर्राज सिंह मलिंगा भी गुढ़ा के साथ हैं और बैठक में नहीं गए।
- सूत्रों के मुताबिक मुख्यमंत्री अशोक गहलाेत एक लाइन का प्रस्ताव पढ़ सकते हैं कि फैसला कांग्रेस आलाकमान पर छोड़ा जाता है। इसका अनुमोदन पीसीसी अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा कर सकते हैं।
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