विनोद सालवी हत्याकाण्ड का खुलासा, 6 आरोपी गिरफ्तार व एक बाल अपचारी डिटेन


चित्तौड़गढ़। पुलिस अधीक्षक चित्तौड़गढ़ राजन दुष्यंत ने बताया कि गत 25 फरवरी को सूचना मिली कि एक अज्ञात व्यक्ति की लाश सोनियाणा पुलिया के पास सुनसान जगह पर पडी हुई है जिसके शरीर पर गंभीर चोटों के निशान है। वगैरा सूचना पर पुलिस थाने का जाप्ता मौके पर पहुॅचा व मौके पर उपस्थित लोगों से पहचान करवायी गई तो किसी ने पहचान नही की जिस पर मौके पर उपस्थित लोगों में से प्रार्थी गोविन्द गुर्जर पिता गिरधारी लाल गुर्जर निवासी उम्र 28 साल निवासी देवदा थाना गंगरार ने मौके पर एक लिखित रिपोर्ट इस आशय की पेश की कि मैं गांव देवदा गंगरार से सोनियाणा पुलिया के पास नया रिको ऐरिया रोड़ से अपने गांव की और जा रहा था उस समय करीब 8 बजे सोनियाना पुलिया से करीब 400 मीटर दूर उक्त कच्चे रोड़ के दायी तरफ एक अज्ञात व्यक्ति अचेत अवस्था में पड़ा हुआ हैं। मुंह काले कपडे से ढका हुआ पडा था। शरीर में कोई हलचल नही होने से उण्डवा संरपच  पप्पू लाल गुर्जर को इसकी जानकारी दी। पुलिस मौके पर आई अज्ञात मृतक के मुंह पर तथा आंख पर गहरी चोटे के निशान पूरे शरीर पर जगह-जगह कटने तथा नील के निशान है। उक्त मृतक की किन्ही अज्ञात बदमाशान द्वारा हत्या कर लाश फैकी गई है। वगैरा रिपोर्ट पर मामला अपराध धारा 302, 201 भादस में आना पाया जाने से थाना गंगरार पर प्रकरण दर्ज कर अनुसंधान शिवलाल मीणा पुनि ने शुरू किया। घटना स्थल पर एफएसएल टीम, डॉग स्कायड टीम, एमओबी टीम व साईबर सैल टीम को बुलाया जाकर गहनता से जांच पडताल शुरू की गई। अज्ञात मृतक की पहचान हेतु सोशल मिडिया के माध्यम से फोटो डाल कर वायरल किये गये। जिस पर मृतक के पिता बाबूलाल सालवी निवासी देहली गेट थाना कोतवाली चित्तौड़गढ़ ने सोशल मीडिया पर वायरल फोटो देख मृतक की शिनाख्त अपने पुत्र विनोद सालवी पिता बाबूलाल सालवी जाति सालवी उम्र 30 साल निवासी देहली गेट पुलिस थाना कोतवाली चित्तौडगढ जिला चित्तौड़गढ़ के रूप में की। जिस पर मृतक विनोद सालवी के पिता बाबूलाल सालवी द्वारा अपने पुत्र की हत्या के संबंध में लिखित में रिपोर्ट पेश की जिस पर कार्यवाही करते हुये मृतक विनोद सालवी की लाश का मेडीकल बोर्ड से पोस्टमार्टम करवा कर लाश वारीसान को सिपुर्द की तथा पुलिस द्वारा मृतक विनोद सालवी के अज्ञात हत्यारो की तलाश हेतु गहनता से अनुसंधान शुरू किया गया।
 
प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए पुलिस कप्तान राजन दुष्यन्त पुलिस अधीक्षक जिला चितौड़गढ़ के निर्देशन एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक चितौड़गढ़ अर्जुन सिंह एवं पुलिस उप अधीक्षक वृत गंगरार भवानी सिंह के निकट सुपर विजन में एवं शिवलाल पु.नि. थानाधिकारी पुलिस थाना गंगरार के नेतृत्व में थाना गंगरार से अमीचन्द सउनि, नगजीराम सउनि, भैरूलाल सउनि, धर्मेन्द्र कुमार एचसी, युवराज सिंह एचसी, धर्मपाल कानि., घनश्याम कानि, कमलेश कानि, भरत कानि., विरेन्द्र कुमार कानि., कानि कालूराम., हरभान कानि, अर्जुन कानि व साईबर सेल चित्तौड़गढ़ से हैड कानि. राजकुमार सोनी, प्रवीण कुमार, कानि रामावतार, कानि रामनरेश, कानि. गणपत की विशेष टीम गठन कर साक्ष्य एकत्र किये गये। इस ख़बर का वीडियो देखें सीसीटीवी फुटेज चेक किये गये। संदिग्धगणों से पुछताछ की गई। मृतक के परिजनों से ज्ञात आया कि मृतक विनोद सालवी किला रोड़ पर एक दुकान पर बैठ कर मोबाईल से ऑनलाईन लोन दिलाने का काम करता था। अनुसंधान के दौरान जरिये मुखबिर सूचना मिली कि घटना दिनांक को घटना से पूर्व मृतक विनोद सालवी को अंतिम समय भावेश आहुजा निवासी सिंधी कॉलोनी प्रतापनगर चित्तौड़गढ़ के साथ मोटरसाईकिल पर बैठकर चित्तौड़गढ़ शहर में जाते हुये देखा गया है। भावेश आहुजा मृतक विनोद सालवी का दोस्त है। जिस पर गठित टीम द्वारा संदिग्ध भावेश सिंधी की तलाश शुरू की गई तो भावेश आहुजा अपना मोबाईल फोन बंद कर अपनी सकुनत से रूपोश पाया गया। 
पुलिस टीम द्वारा उक्त भावेश आहुजा व मृतक विनोद सालवी के साथियो व यार दोस्तो के बारे में गहनता से जांच पडताल की गई व तकनिकी साक्ष्यों का संकलन करते हुये पायागया कि विनोद सालवी हत्याकाण्ड में भावेश सिंधी उर्फ गुड्डु सिंधी पिता हरिश आहुजा गोद पुत्र चेलाराम आहुजा जाति सिंधी निवासी सिंधी कॉलोनी, प्रतापनगर चित्तौड़गढ़, प्रभुसिंह पिता गुमानसिंह चौहान सोंधिया राजपूत निवासी लालजी का खेडा चित्तौडगढ, प्रकाश उर्फ बिनु पिता शंभुलाल गुर्जर निवासी मिठाराम जी खेडा चित्तौडगढ, पुष्पेंद्रसिंह पिता प्रत्थेसिंह राजपूत निवासी रिठौला चित्तौडगढ, साहिल बैरागी पिता राजकुमार बैरागी निवासी रेवाडा राशमी हाल सैंथी चित्तौडगढ, मनीष उर्फ मोन्टी पिता शम्भुलाल सालवी निवासी चांदपोल के पास कस्बा गंगरार थाना गंगरार, एक अन्य बाल अपचारी व अन्य दो व्यक्तियों द्वारा मिलकर उक्त वारदात को अंजाम दिया गया है जिस पर उक्त सभी मुल्जिमानों की सकुनत पर पहुंच मालुमात की गई तो सभी आपराधिक प्रवृति के हो पहले भी कई थानो में वांछित हो फरार होना पाया गया जिस पर सभी आरोपीगणों के मोबाईल नम्बरों का पता किया गया मगर सभी आरोपीगण के मोबाईल फोन घटना के बाद से ही बंद होना पाया जिस पर गठित टीम द्वारा तकनिकी रूप से जांच करते हुये उक्त आरोपीगणों को ट्रेस करते हुये गठित टीम के साथ अलग-अलग राज्यों मध्यप्रदेश, गुजरात से मुल्जिमानों को गिरफ्तार कराने में सफलता प्राप्त की। गठित टीम ने आरोपीगण भावेश आहुजा उर्फ गुड्डु आहुजा पिता हरिश आहुजा गोदपुत्र चेलाराम आहुजा जाति सिंधी उम्र 23 वर्ष निवासी खातीवाला टेंक इंदौर हाल सिंधी कॉलोनी प्रतापनगर थाना सदर चित्तौड़गढ़ को जिला दमोह (मध्यप्रदेश) से, दुसरे आरोपी प्रकाश उर्फ बिनु उर्फ पपला पिता शंभुलाल गुर्जर उम्र 19 वर्ष निवासी मिठाराम जी खेड़ा थाना सदर चित्तौडगढ को मोरवी (गुजरात) से, तीन आरोपीगण प्रभुसिंह पिता गुमानसिंह चौहान राजपूत उम्र 21 वर्ष निवासी लाखों का खेडा जिला मंदसौर हाल लालजी का खेड़ा थाना सदर चित्तौड़गढ़, पुष्पेंद्रसिंह उर्फ भुपसा पिता प्रथीसिंह राजपूत उम्र 20 वर्ष निवासी रिठौला थाना सदर चित्तौड़गढ़, साहिल बैरागी पिता राजकुमार बैरागी उम्र 25 वर्ष निवासी रेवाडा थाना राशमी हाल सैंती थाना सदर चित्तौड़गढ़ व एक अन्य बाल अपचारी को उज्जैन (मध्यप्रदेश) से निरूद्व, मनीष उर्फ मोन्टी पिता शम्भुलाल सालवी उम्र 22 वर्ष निवासी चांदपोल के पास कस्बा गंगरार थाना गंगरार को गंगरार से गिरफ्तार किया गया है। सभी आरोपीगणों को 8 मार्च को अलग-अलग जगहों से गिरफ्तार किया गया जिन्हें आज न्यायालय में पेश कर पीसी रिमाण्ड प्राप्त किया जायेगा। पुछताछ पर गिरफ्तारशुदा आरोपीगणों ने अपने साथ घटना में अन्य दो आरोपीगणों राजु गुर्जर पिता भैरूलाल गुर्जर निवासी दडबा थाना राशमी चित्तौड़गढ़, शिवा उर्फ शिवलाल जाट पिता भैरूलाल जाट निवासी दडबा थाना राशमी चित्तौड़गढ़ का भी शामील होना बताया।  उक्त दोनों आरोपीगण राजु गुर्जर व शिवा उर्फ शिवलाल जाट की सकुनत पर तलाश की गई लेकिन दोनों आरोपीगण अपनी अपनी सकुनत से रूपोश है जिनकी तलाश जारी है। 

पुछताछ विवरण
 उपरोक्त मुल्जिमानों ने पुछताछ पर बताया कि सदर थाना चित्तौड़गढ़ के अन्तर्गत डाईट रोड़ चित्तौड़गढ़ निवासी प्रकाश कीर के साथ गत 8 जनवरी को गंभीर मारपीट कर हत्या के प्रयास के मामले में फरारी काटने के लिये हम प्रभुसिंह, पुष्पेन्द्र सिंह, साहिल बैरागी व अन्य बाल अपचारी सभी भीलवाड़ा किराये के मकान पर रह रहे थे। गत 23 फरवरी को भावेश आहुजा किराये के मकान पर आया जिसने बताया कि मेरे विनोद सालवी से पैसे की मांग तांग है। पैसे नही दे रहा है। भावेश आहुजा ने बताया कि मेरे फर्जी दस्तावेज तैयार करके व 4 हजार रूपये लेकर विनोद सालवी ने लोन करवाने की बोला था जो ना तो लोन करवाया है और ना ही रूपये वापस दे रहा है। भावेश आहुजा ने सभी मुल्जिमानों को बताया कि विनोद सालवी ने मुझे बताया है कि मेरे खाते में 10 लाख रूपये है जो रूपये कुछ समय पहले आईसीआईसीआई बैंक के कमर्चारी अक्षिता भट्ट के साथ मिलकर 28 लाख रूपये की ठगी की थी जिसमें विनोद सालवी, अक्षिता भट्ट व उनके साथी जेल जाकर आये है। उन ठगी के रूपये में से दस लाख रूपये विनोद सालवी ने खुद के पास अपने मोबाईल फोन में बैंक खाते में बेलैंस होना बताया था। जिस पर उपरोक्त सभी मुल्जिमानों ने उक्त विनोद सालवी को ठिकाने लगाने व उसके खाते में 10 लाख रूपये होने की संभावना होने से उक्त रूपयों को हड़पने के लिये योजनाबद्व तरिके से गंगरार स्थित मेवाड़ युनिवर्सिटी के पिछे सुनसान जगह पर आ गये। वही से भावेश आहुजा व एक बाल अपचारी दोनों विनोद सालवी को लेने के लिये चित्तौड़गढ़ चले गये तथा तय योजनानुसार गत 24 फरवरी को सांय 4 बजे भावेश आहुजा व बाल अपचारी दोनों विनोद सालवी को बहला फुसला कर शराब पार्टी करने के बहाने अपने साथ चित्तौड़गढ़ से मोटरसाईकिल पर बिठा कर गंगरार स्थित मेवाड़ युनिवर्सिटी के पिछे सुनसान जगह जंगल में लेकर चले गये जहां पर सभी आरोपीगणों ने मृतक विनोद सालवी के साथ शराब की पार्टी की। वहाँ पर सभी आरोपीगणों ने विनोद सालवी से उसके खाते में रखे 10 लाख रूपयों के बारे में पुछा तो विनोद सालवी ने बताने से इंकार कर दिया। भावेश आहुजा ने भी अपने लोन करवाने हेतु दिये गये 4 हजार रूपये वापस मांगे व लोन नही करवाने का कारण पुछा तो आपस में लडाई-झगडा शुरू होने से वहाँ पर मौजुद सभी मुल्जिमानों ने अपने-अपने पहने हुये बेल्टो व शराब की बोतलों से मृतक विनोद सालवी के साथ गंभीर मारपीट कर उसकी हत्या कर दी व साक्ष्य मिटाने के उद्देश्य से भावेश आहुजा ने पूर्व योजना अनुसार मृतक विनोद सालवी के शरीर पर पहने कपड़ों को हटा कर अपने साथ बैग में लाये खुद के कपडे टी-शर्ट व हाफ पेन्ट उक्त विनोद सालवी की लाश को पहना कर उसकी लाश को ठिकाने लगाने के लिये घटना के बाद भावेश आहुजा ने अपनी मोटरसाईकिल बुलेट पर मृतक विनोद सालवी की लाश को आरोपी साहिल बैरागी को पकड़ा कर मोटरसाईकिल बुलेट पर पिछे बिठा कर हमीरगढ़ से पहले सोनियाणा पुलिया के पास रिको एरिया में सुनसान जगह पर ले जाकर डाल दिया व सभी आरोपीगणों ने घटना से पूर्व ही अपने-अपने मोबाईल बंद कर दिये ओर घटना के बाद सभी आरोपीगण अपनी अपनी मोटरसाइकिल पर बैठकर भीलवाड़ा की तरफ फरार हो गये।

तरीका वारदात:- प्लान के अनुसार पुलिस पकड़ से बचने व पुलिस को गुमराह करने के लिए सभी आरोपीगणों ने घटना से पूर्व ही अपने-अपने मोबाईल बंद कर दिये तथा घटना के बाद मोबाईल सीम को तोड़कर फैंक दिया तथा घटना के दिन रात्रि को अपने भीलवाड़ा स्थित किराये के मकान में कपडे बदल कर अलग-अलग आरोपी अलग-अलग जगह पर फरार हो गये। आरोपी भावेश आहुजा भीलवाड़ा से जयपुर, जयपुर से कोटा, कोटा से इंदौर, इंदौर से दमोह (मध्यप्रदेश) में चित्तौड़गढ़ से 850 किलोमीटर दुर जाकर छुप गया। आरोपी प्रकाश उर्फ बिन्नु ट्रेन में बैठकर चित्तौड़गढ़ से आगरा, आगरा से दिल्ली, दिल्ली से मोरवी (गुजरात) चित्तौड़गढ़ से 600 किलोमीटर दूर जाकर छुप गया। अन्य आरोपी प्रभुसिंह, पुष्पेन्द्र सिंह, साहिल बैरागी व बाल अपचारी घटना के बाद ट्रेन में बैठकर भीलवाड़ा से गोरखपुर यूपी, गोरखपुर युपी से दिल्ली, दिल्ली से कोटा, कोटा से नागदा, नागदा से उज्जैन जाकर छुप गये थे। ट्रेन में यात्रा के दौरान ट्रेन में बैठे हुये यात्रियोों से व रेल्वे स्टेशन पर लगे हुये सार्वजनिक वाईफाई का प्रयोग कर अपने फोन में इंस्टाग्राम चलाकर अपने साथियों से घटना के बारे में जानकारी लेते थे। सभी आरोपीगणों ने ट्रेनो में इधर-उधर घुमकर व होटल-ढ़ाबों व रेल्वे स्टेशन पर रूककर फरारी काटी। गठित टीम द्वारा फरार अभियुक्तगणों के मिलने के संभावित स्थाणों पर प्रकरण की घटना के बाद से ही आरोपीगणों का लगातार पिछा करते हुये दबिश दी गई तथा प्रकरण के आरोपीगणों को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की। गिरफ्तार आरोपियों का न्यायालय द्वारा 15 मार्च तक का रिमांड जारी किया गया। उक्त घटना के मुल्जिमानों की गिरफ्तारी में साईबर सेल के एक्सपर्ट सदस्यों का महत्वपूर्ण योगदान रहा।

पुलिस ने इस मामले इन आरोपियों को किया गिरफ्तार 
1-भावेश आहुजा उर्फ गुड्डु आहुजा पिता हरिश आहुजा गोदपुत्र चेलाराम आहुजा जाति सिंधी उम्र 23 वर्ष निवासी खातीवाला टेंक इंदोर (म.प्र.) हाल सिंधी कॉलोनी प्रतापनगर थाना सदर चित्तौड़गढ़
2. प्रकाश उर्फ बिनु उर्फ पपला पिता शंभुलाल गुर्जर उम्र 19 वर्ष निवासी मिठाराम जी खेडा थाना सदर चित्तौडगढ
3. प्रभुसिंह पिता गुमानसिंह चौहान राजपूत उम्र 21 वर्ष निवासी लाखो का खेडा जिला मंदसौर हाल लालजी का खेडा थाना सदर चित्तौडगढ
4. पुष्पेंद्रसिंह उर्फ भुपसा पिता प्रथीसिंह राजपूत उम्र 20 वर्ष निवासी रिठौला थाना सदर चित्तौडगढ
5. साहिल बैरागी पिता राजकुमार बैरागी उम्र 25 वर्ष निवासी रेवाडा थाना राशमी हाल सैंथी थाना सदर चित्तौडगढ
6. मनीष उर्फ मोन्टी पिता शम्भुलाल सालवी निवासी चांदपोल के पास कस्बा गंगरार थाना गंगरार
7. एक बाल अपचारी निरूद्व

अदम गिरफ्तार अभियुक्त:-
1. राजु गुर्जर पिता भैरूलाल गुर्जर निवासी दडबा थाना राशमी चितौडगढ
2. शिवा उर्फ शिवलाल जाट पिता भैरूलाल जाट निवासी दड़बा थाना राशमी चित्तौड़गढ़  

आपराधिक रिकॉर्ड:-
1. अभियुक्त भावेश आहुजा के विरूद्व हत्या का प्रयास, मारपीट, लुट, अवैध हथियार रखने, छेड़छाड़ करने के कुल 08 प्रकरण थाना सदर चित्तौड़गढ़ पर दर्ज है।
2. अभियुक्त प्रभुसिंह थाना सदर चित्तौड़गढ़ का हिस्ट्रीशीटर है जिसके खिलाफ हत्या, हत्या का प्रयास, एसटीएससी एक्ट, मारपीट, बलवा, लूट, डकैती, अवैध हथियार रखने इत्यादि के कुल 13 प्रकरण दर्ज होकर आरोपी प्रभु सिंह सदर थाना चित्तौड़गढ़ क्षेत्र के निवासी प्रकाश कीर के साथ गंभीर मारपीट कर हत्या के प्रयास के मामले में, थाना बडीसादडी क्षेत्र में गत 6 फरवरी को प्रार्थी श्रवण सिंह राजपुत निवासी खरदेवला थाना बड़ीसादड़ी के साथ सोने-चांदी की हुई लुट की वारदात में, थाना गुलाबपुरा जिला भीलवाड़ा क्षेत्र में गत 25 फरवरी को हुई फायरिंग की घटना के मामले में वांछित है। आरोपी प्रभुसिंह कोतवाली चित्तौड़गढ़ थाना क्षेत्र में प्रार्थी बंसतीलाल बोहरा के साथ 25 लाख रूपये लुट की वारदात में गिरफ्तार हो जेल जमानत पर हाल ही में रिहा हुआ है। 
3. प्रकाश उर्फ बिन्नु उर्फ पपला गुर्जर के विरूद्व पुर्व में थाना सदर चित्तौड़गढ़ में हत्या के प्रयास के 02 प्रकरण तथा लुट व मारपीट का 01 प्रकरण कुल 03 प्रकरण दर्ज है।
4. पुष्पेन्द्र सिंह उर्फ भुपसा के विरूद्व पुर्व में हत्या का प्रयास, डकैती, अवैध हथियार रखने, एसटीएसटी एक्ट, मारपीट व चोरी के कुल 05 प्रकरण दर्ज है।
5. साहिल बैरागी के विरूद्व हत्या का प्रयास, लुट, एनडीपीएस एक्ट, लुट, मारपीट के कुल 07 प्रकरण दर्ज है।
आरोपी साहिल बैरागी कोतवाली चित्तौड़गढ़ थाना क्षेत्र में प्रार्थी बंसतीलाल बोहरा के साथ 25 लाख रूपये लुट की वारदात में गिरफ्तार हो जेल जमानत पर हाल ही में रिहा हुआ है।
06. मनीष उर्फ मोन्टी सालवी के विरूद्व पूर्व में अपहरण, फिरोती, मारपीट, आर्म्स एक्ट व चोरी के कुल 04 प्रकरण दर्ज है।
7. बाल अपचारी के विरूद्व पूर्व में हत्या का प्रयास व लूट के कुल 05 प्रकरण दर्ज है।

पुलिस कार्यवाई टीम में शिवलाल मीणा पु.नि., अमीचन्द सउनि, नगजीराम सउनि,
भैरूलाल सउनि, राजकुमार सोनी साईबर सेल चित्तौड़गढ़, प्रवीण कुमार साईबर सेल चित्तौड़गढ़, रामावतार साईबर सेल चित्तौड़गढ़, रामनरेश साईबर सेल चित्तौड़गढ़, गणपत साईबर सेल चित्तौड़गढ़, धर्मेन्द्र कुमार एचसी, युवराज सिंह एचसी, धर्मपाल कानि, घनश्याम कानि, कमलेश कानि, भरत कानि, विरेन्द्र कुमार कानि, कानि कालूराम, हरभान कानि, अर्जुन कानि आदि शामिल थे।

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