भाविप गुलाबपुरा शाखा ने वैष्णव के निधन के बाद कराया उनका देहदान

भीलवाड़ा (पंकज पोरवाल)। व्यक्ति जीते जी सेवा करता है, रक्तदान करता है, श्रमदान करता है। मगर मरने के बाद उसकी देह भी परिजन मन को मजबूत रखते हुए दान कर दे तो इससे बड़ा दान कोई नहीं हो सकता है। मंगलवार को भी ऐसा ही हुआ भारत विकास परिषद राजस्थान मध्य प्रांत के अंतर्गत आने वाली गुलाबपुरा शाखा की प्रेरणा से ओम नारायण वैष्णव के आकस्मिक निधन के बाद परिजनों ने भीलवाड़ा राजमाता विजयाराजे सिंधिया मेडिकल कॉलेज में उनका देहदान कराया। शाखा अध्यक्ष कन्हैयालाल सोनी  व वरिष्ठ सदस्य किशोर राजपाल ने बताया कि वैष्णव भारतीय मजदूर संघ से जुड़े हुए श्रमिक नेता एवं राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के एक अच्छे स्वयंसेवक थे। उन्होंने जीवन भर श्रमिकों और समाज की सेवा की इसलिए परिजनों ने निधन के बाद भी उनकी देह मेडिकल कॉलेज स्टूडेंट के काम आ सके इसके लिए उनका देहदान कराया गया। मेडिकल कॉलेज स्टाफ को परिजन बहन श्याम वैष्णव वह सिंपल वैष्णव एवं बालमुकुंद वैष्णव के द्वारा यह देह सोंपी गई। इस मौके पर मेडिकल कॉलेज एनाटॉमी विभाग की हेड डॉक्टर पूजा गगराड़े, पैथोलॉजी विभाग की हेड डॉक्टर अरुणा पंचारिया का विशेष सहयोग रहा। देहदान करते वक्त भारत विकास परिषद गुलाबपुरा शाखा के अध्यक्ष कन्हैयालाल सोनी, वरिष्ठ सदस्य किशोर राजपाल, सेवा प्रमुख संपत्त व्यास, भारत विकास परिषद राजस्थान मध्य प्रांत के प्रांतीय संयुक्त महासचिव रजनीकांत आचार्य, प्रांतीय रक्तदान पर देहदान प्रभारी देवराज सुल्तानिया, प्रांतीय प्रभारी महावीर सोनी व योगेश पारीक उपस्थित थे। मध्य प्रांत के संयुक्त महासचिव रजनीकांत आचार्य ने बताया कि गुलाबपुरा शाखा का यह पहला देहदान है। उन्होंने इसे अनुकरणीय पहल बताया और स्वर्गीय वैष्णव के परिजनों का आभार ज्ञापित किया। देहदान के बाद मेडिकल कॉलेज की ओर से उन्हें प्रमाण पत्र दिया गया। भारत विकास परिषद राजस्थान मध्य प्रांत के अध्यक्ष गोविंद प्रसाद सोडाणी ने इस उत्कृष्ट कार्य के लिए प्रांतीय प्रकल्प प्रभारी देवराज सुल्तानिया व वैष्णव परिवार का आभार जताया।

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