चित्तौड़गढ़। राजस्थान शिक्षक संघ राष्ट्रीय का शहीद स्मारक जयपुर में प्रदेशाध्यक्ष नवीन शर्मा की अध्यक्षता मुख्य अतिथि अखिल भारतीय शैक्षिक महासंघ राजस्थान के संगठन मंत्री घनश्याम शर्मा, संगठन के संगठन मंत्री प्रह्लाद शर्मा, प्रदेश सभाध्यक्ष अरविंद व्यास प्रदेश महामंत्री महेंद्र लखारा संघर्ष समिति संयोजक संपत सिंह प्रदेश सचिव माध्यमिक शिक्षा रमेश चंद्र पुष्करणा के नेतृत्व में धरना दिया गया।
जिला मंत्री प्रकाश चंद्र बक्षी एवं जिला अध्यक्ष तेजपाल सिंह शक्तावत ने बताया कि धरने में मुख्य वक्ताओ संगठन ने कहा कि सरकार को समय समय पर ज्ञापन एवं पत्र प्रेषित कर एवं प्रेस वार्ता आयोजित कर शासन का ध्यान आकृष्ट किया गया। प्रदेश की समस्त उप शाखा एवं जिलाशाखा ने राजस्थान सरकार के समस्त विधान सभा सदस्यो से व्यक्तिगत संपर्क कर शिक्षको की न्यायोचित मांगो को विषय बताकर पत्र देकर सरकार का ध्यानाकर्षण कर उचित समाधान की मांग की गई परंतु असंवेदनशील रुख अपनाते हुए न तो शासन स्तर पर कोई सकारात्मक निर्णय किया न ही संगठन को वार्ता के लिए आमंत्रित किया है। इससे प्रदेश के समस्त शिक्षक आक्रोशित एवं आहत है। संगठन को अब अंतिम विकल्प आंदोलन कर आर पर की लड़ाई लड़ने का ही बचा है । सरकार को अंतिम चेतावनी देने के लिए आज राजस्थान के सभी जिलों तहसीलों से आए शिक्षको ने विशाल धरना दिया।
शिक्षकों की प्रमुख मांगें
1. लंबे समय से बंद तृतीय श्रेणी शिक्षको के स्थानांतरण स्थाई नीति बनाकर करे।
2. वेतन विसंगति दूर करने के लिए बनी सावंत कमेटी एवं खेमराज चौधरी कमेटी की रिपोर्ट सावजनिक कर कर्मचारी हित में लागू करे।
3. 9,18 एवं 27 एवम 10,20 एवं 30 के स्थान 8,16,24,32 की सेवा पूर्ण करने पर ए सी पी का लाभ दिया जाए।
4. संपूर्ण राजकीय सेवा में परिवीक्षा काल एक ही बार एक वर्ष का ही किया जावे ।
5. सेवा निवृत्ति के समय 300 उपार्जित अवकाश अधिकतम सीमा को समाप्त की जाए ।सेवा निवृत कार्मिकों के वेतन में 80 वर्ष के पूर्ण करने पर 20 प्रतिशत पेंशन वृद्धि के नियम में बदलाव कर इसे 65 70 75एवं 80 वर्ष की आयु पर 5,10,15,एवं 20प्रतिशत वृद्धि की जावे।
NPS के स्थान लागू की गई पुरानी पेंशन में कर्मचारियों के जी पी एफ खाता नंबर जारी कर प्रक्रिया में आ रही बाधाओं को दूर कर लागू करे।
7. BLO सहित समस्त प्रकार गैर शैक्षिक कार्य से शिक्षको को मुक्त किया जाए।
8. शिक्षा विभाग की ऑन लाईन कार्य पर निर्भरता होने से सभी शिक्षको को इंटरनेट भत्ता एवं अन्य कर्मचारियों के भाती ही एंड्रॉयड फोन भी दिया जाए।
9. शिक्षा विभाग में संविदा नियुक्ति तत्काल बंद कर नियमित भर्ती प्रक्रिया से ही की जाए।
10 माध्यमिक शिक्षा में स्टेफिंग पेटर्न लागू कर पद सृजित किया तथा विद्यालय में पद आवंटन में हिंदी एवम अंग्रेजी माध्यम का भेद समाप्त कर समान रूप से पद आवंटन किया जाए।
11. माध्यमिक शिक्षा में अध्यापक संवर्ग की सीधी भर्ती की जाए तथा प्रारंभिक शिक्षा से सेटअप परिवर्तन (6D एवं अन्य नियमान्तर्गत) अनिवार्य के बजाए स्वेच्छिक किया जाए।
चितौड़गढ़ जिले से जिला अध्यक्ष तेजपाल सिंह शक्तावत, जिला मंत्री प्रकाश चंद्र बक्षी जिला वरिष्ठ उपाध्यक्ष नरेश दत्त व्यास सहित अपेक्षित पदाधिकारीयो ने धरने एवम बैठक को संबोधित किया।
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